अब सिर्फ पाँच मिनट में मिलेगी टीबी की रिपोर्ट

38 Views
Read Time:6 Minute, 27 Second

क्षय रोग उन्मूलन को लेकर स्वास्थ्य विभाग के बढ़ते कदम
• शहरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शिवपुर में डिजिटल एक्स-रे मशीन का शुभारंभ
• विश्व क्षय रोग दिवस पर जन जागरूकता रैली का आयोजन
• चौकाघाट सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर ट्रू नाट ड्यूअल मशीन से एक साथ चार-चार सैंपल की जांच शुरू
वाराणसी, 24 मार्च 2021
विश्व क्षय रोग दिवस (24 मार्च) पर शहरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर टीबी जांच के लिए अत्याधुनिक डिजिटल एक्स-रे मशीन का शुभारंभ मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ वीबी द्वारा फीता काटकर किया गया । इस दौरान उन्होने कहा कि इस मशीन के लग जाने से टीबी मरीजों की जांच में समय और उपकरणों की बचत होगी। पहले जहां कैमिकली एक्स-रे मशीन से लगभग 45 से 50 मिनट लगते थे। इस मशीन के आ जाने से टीबी जांच की रिपोर्ट पाँच मिनट में मिल जाएगी । यह भारत सरकार द्वारा खास प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र के लिए भेजी गयी है। इस पूरी मशीन की लागत लगभग 12 से 13 लाख रुपये है जिसमें एक्स-रे मशीन, डिजिटल एक्स-रे प्रिन्टर आदि उपकरण शामिल हैं।
तत्पश्चात स्वास्थ्य केंद्र परिसर से ही दिवस पर टीबी के प्रति जन जागरूकता के लिए रैली निकाली गयी। रैली का आगाज मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने हरी झंडी दिखाकर किया । इससे पूर्व स्वास्थ्य केंद्र के सभागार में विश्व टीबी दिवस पर संगोष्ठी का मुख्य चिकित्सा अधिकारी की अध्यक्षता में आयोजन किया गया । समस्त गतिविधियों के दौरान जिला क्षय अधिकारी डॉ राहुल सिंह प्रमुख रूप से मौजूद रहे । इस अवसर पर सीएमओ ने कहा कि वर्ष 2025 तक टीबी उन्मूलन के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए सबसे ज्यादा जरूरी है जिले में टीबी के छिपे हुये मरीजों को जल्द से जल्द खोजने और उन्हें चिन्हित करके तुरंत उपचार पर लाना ताकि समय रहते उनको ठीक किया जा सके । साथ ही साथ उन्हें निक्षय पोर्टल पर नोटिफ़ाई करके निक्षय पोषण योजना के तहत इलाज के दौरान मिलने वाले हर माह 500 रुपये का लाभ पहुंचाना है। अंत में उन्होने कहा कि समुदाय के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना और रणनीति बनाकर ही टीबी उन्मूलन का लक्ष्य संभव है ।
संगोष्ठी में डॉ राहुल सिंह ने टीबी दिवस मनाए जाने को लेकर उसके इतिहास पर चर्चा की । उन्होने कहा कि सन 1962 में टीबी के नियंत्रण के लिए राष्ट्रीय कार्यक्रम चलाया गया था । इसके कुछ सालों बाद पुनरीक्षित राष्ट्रीय टीबी नियंत्रण कार्यक्रम (आरएनटीसीपी) चलाया गया । वहीं सन 2020 से राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम की शुरुआत की गयी । क्षय उन्मूलन के लिए सभी के सहयोग की बेहद जरूरत है। वर्तमान में चल रहे संचारी रोग नियंत्रण माह के तहत दस्तक अभियान के अंतर्गत 60 से अधिक टीबी मरीजों को खोजा जा चुका है और सबका इलाज शुरू किया जा चुका है ।
उन्होने कहा कि हर साल दो प्रतिशत टीबी के मरीज कम करना हमारा लक्ष्य है । इसके साथ ही उन्होने मास्क लगाने पर ज़ोर दिया । उन्होने कहा कि मास्क सिर्फ कोरोना से नहीं बल्कि टीबी, लेप्रोसी व अन्य बीमारियों से भी बचाता है । इस अवसर पर अधीक्षक डॉ अजय कुमार सिंह, डबल्यूएचओ सलाहकार डॉ के किरण, डीपीसी संजय चौधरी, डीपीपीएमसी नमन गुप्ता, जिला टीबी/एचआईवी कोओर्डिनेटर विनय कुमार मिश्रा, एसटीएलएस, कमलेश राय, धर्मेंद्र सिंह , मदन चौरसिया, दिलीप सिंह, अभिषेक सिंह, शिव सोनकर, संजय शर्मा, ललित इत्यादि उपस्थित रहे ।
चौकाघाट सीएचसी पर लगी ट्रू नाट ड्यूअल मशीन
दूसरी ओर विश्व टीबी दिवस पर चौकाघाट सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में ट्रू नाट ड्यूअल मशीन का शुभारंभ जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ राहुल सिंह द्वारा किया गया । उन्होने कहा कि यह अत्याधुनिक मशीन एक साथ टीबी के चार-चार सैंपल लेकर जांच करने में सक्षम होगी । इस मशीन के लग जाने से जिले में टीबी जांच की प्रक्रिया बेहद आसान हो जाएगी । यह सुविधा पूरी तरह से निःशुल्क उपलब्ध रहेगी । साथ ही उन्होने कहा कि जिले समस्त राजकीय चिकित्सालयों और प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर टीबी के निःशुल्क जांच की सुविधा मौजूद है। इसके अतिरिक्त जीवन दीप महाविद्यालय में भी विश्व टीबी दिवस पर जन जागरूकता कार्यक्रम व गोष्ठी का आयोजन किया गया ।

0 0

Next Post

वाराणसी के भरत मिलाप मैदान के किनारे की शिलापट्ट में लगाए गए पवित्र रामचरितमानस की चौपाई पर अत्यधिक गंदगी !

Thu Mar 25 , 2021
शिलापट्ट को शीघ्रातिशीघ्र हटाने हेतु हिन्दू जनजागृति समिति ने दिया ज्ञापन ! वाराणसी शहर के नाटी इमली स्थित भरत मिलाप मैदान के किनारे की शिलापट्ट में पवित्र रामचरितमानस की चौपाई लगायी गयी है । चूंकि ये शिलापट्ट सडक के अत्यधिक नजदीक हैं, इस कारण उन पर जानवरों के मल-मूत्र के […]